Sunday, May 9, 2010

अनामिका - 2

समझना मुश्किल है तुझे
या मुश्किल है तुझे समझाना
दूर रहना तुझसे मुश्किल है
या मुश्किल है तुझको पास बुलाना
ये दिल तेरा राज़ अजीब
तू मुझको जाने पूरा और
मै तुझसे अनजाना

वादा है की

  सुर्खियाँ हो या झुर्रियाँ हों     नज़दीकियाँ या फिर दूरियाँ हों   उलझने हों या अफ़साने हों   खफा हों तुमसे या तुम्हारे ...